Iphone 12 Lauched: एप्पल ने आईफ़ोन के चार नए मॉडल किए लॉन्च, नया मॉडल होगा 5G तकनीक लैस, क्या होगी संभावित क़ीमत ? जाने…

Iphone 12 Lauched: अमरीकी टेक कंपनी एप्पल ने आईफ़ोन12 (Iphone 12) सीरीज़ को लॉन्च कर दिया है. जिसके तहत उसने चार नए मॉडल बाज़ार में उतारे हैं. मंगलवार को एक डिजिटल इवेंट में इसकी घोषणा की गई. एप्पल ने इस बात की पुष्टि की है कि आईफ़ोन12 (Iphone 12) के हैंडसेट 5जी नेटवर्क से लैस होंगे. एप्पल प्रमुख टिम कुक ने कहा, “हम आईफ़ोन के अपने पूरे लाइनअप में 5जी ला रहे हैं. यह आईफ़ोन के लिए एक नए युग की शुरुआत है.”

एप्पल ने आईफ़ोन12 (64, 128, 256 जीबी स्टोरेज), आईफ़ोन12 Mini (64, 128 और 256 जीबी स्टोरेज) के अलावा आईफ़ोन12 Pro (128, 256 और 512 जीबी स्टोरेज), आईफ़ोन12 Pro Max (128, 256 और 512 जीबी स्टोरेज) लॉन्च किया है.

क्या होगी संभावित क़ीमत ? जाने…

इनकी क़ीमत क़रीब 70 हज़ार से 1 लाख 30 हज़ार के बीच है. आईफ़ोन12 Mini की क़ीमत 69,900, आईफ़ोन12 की क़ीमत 79,900, आईफ़ोन 12 Pro की क़ीमत 1,19,900 और आईफ़ोन 12 Pro Max की क़ीमत 1,29,900 रुपए है. 64 जीबी स्टोरेज वाले आईफ़ोन12 Mini की क़ीमत भारत में 69,900 रुपये होगी लेकिन यही फ़ोन अगर आप 256 जीबी के साथ लेंगे तो इसकी क़ीमत बढ़ कर 84,900 रुपए हो जाएगी. वहीं 512 जीबी स्टोरेज वाले Iphone12 Pro Max की क़ीमत 1,59,900 रुपये होगी.

Iphone12 Mini 5G तकनीक से लैस दुनिया का सबसे छोटा फ़ोन है.

बाज़ार में कब तक आयेगा ?

दुनिया भर में आईफ़ोन12 Mini के लिए प्री-ऑर्डर छह नवंबर से शुरू होगा और 13 नवंबर से मिलना शुरू होगा. आईफ़ोन12 और Iphone12 Pro का प्री-ऑर्डर 16 अक्टूबर से शुरू होगा और यह 23 अक्टूबर से मिलना शुरू होगा जबकि Iphone12 Pro Max का प्री-ऑर्डर 13 नवंबर से शुरू होगा और 20 नवंबर से इसकी ब्रिक्री शुरू हो जाएगी. लेकिन भारत में ये नए आईफ़ोन कब से मिलेंगे अभी इसकी जानकारी नहीं है. जहां कोरोना और आर्थिक सुस्ती के कारण दुनिया भर में बाज़ार सुस्त पड़े हैं वहीं एप्पल ने पिछले एक साल आईफ़ोन की बिक्री बढ़ी है.

विशेषज्ञों का कहना है कि साल 2014 में जब कंपनी ने आईफ़ोन6 लॉन्च किया था, उसके बाद से आईफ़ोन12 में कई ऐसे नए फ़ीचर हैं जिनके साथ कंपनी अपनी पहुंच को और बढ़ा सकती है. एप्पल के प्रमुख टिम कुक ने कहा, “5जी तकनीक डाउनलोड और अपलोड करने के लिए एक नए स्तर की परफ़ॉर्मेंस देगा, वीडियो स्ट्रीमिंग उच्च क्वालिटी का होगा, गेम ज़्यादा मज़ेदार होगा, साथ ही और भी बहुत कुछ होगा.”

स्क्रीन साइज़ में किए गए कुछ बदलाव

आईफ़ोन12 Pro के स्क्रीन पहले के आईफ़ोन की तुलना में बड़े हैं. लेकिन पहली बार इन नए आईफ़ोन में हेडफ़ोन या चार्जर नहीं होगा. एप्पल का कहना है कि पर्यावरण पर इसके प्रभाव को कम करने के कारण ऐसा किया गया है. एप्पल के अनुसार, आईफ़ोन12 का स्क्रीन 6.1 इंच होगा लेकिन पहले की तुलना में नया आईफ़ोन 11 फ़ीसद पतला और 16 फ़ीसद हल्का होगा. कंपनी का कहना है कि नए फ़ोन के स्क्रीन का रिज़ोल्यूशन ज़्यादा है और इसमें सिरमिक शील्ड का इस्तेमाल किया गया है.

आईफ़ोन12 Pro की स्क्रीन 6.1 इंच होगी जबकि आईफ़ोन12 Pro Max की स्क्रीन 6.7 इंच होगी. इनमें पहली बार ए-14 बायोनिक चिप लगाया गया है जो कि पाँच नैनोमीटर प्रोसेसर पर बनाया गया है. इससे तस्वीरें और बेहतर होंगी.

बग़ैर फ़्लैश के रात में सेल्फ़ी

कंपनी ने कहा है कि नए आईफ़ोन में फ़्लैश का इस्तेमाल किए बग़ैर भी नाइट-मोड में सेल्फ़ी ली जा सकेगी. इसके अलावा कलर-कंट्रास्ट और आवाज़ के मामले में भी नए आईफ़ोन के फ़ीचर पहले से बहुत बेहतर हैं. आईफ़ोन12 में 12 मेगापिक्सल के दो वाइड एंगल कैमरे दिये गए हैं जिसके बारे में एप्पल का दावा है कि यह कम रोशनी में भी शानदार तस्वीरें क्ल‍िक कर सकता है. जहां तक वीडियो रिकॉर्ड‍िंग की बात है तो आईफ़ोन12 में नाइट मोड टाइम लैप्स फ़ीचर भी दिया गया है जो कम रोशनी में भी बेहतरीन वीडियो रिकॉर्ड करता है.

5जी तकनीक लैस

सैमसंग ने पहली बार फरवरी 2019 में 5जी तकनीक से लैस गैलेक्सी S10 लॉन्च किया था. उसके बाद ख़्वावे, वन-प्लस और गूगल ने भी 5जी तकनीक से लैस मोबाइन फ़ोन लॉन्च किया था. लेकिन विशेषज्ञों का कहना है कि अब इन फ़ीचर्स में लोगों की बहुत मामूली रुचि है. टेक शोध कंपनी फ़ॉरेस्टर के टॉमस हसन का कहना है “एप्पल शायद ही कभी नई तकनीक लॉन्च करता है. वो तकनीक के परिपक्व होने तक का इंतज़ार करता है ताकि वो ग्राहकों को एक नए तरह का अनुभव दे सकें.”

एप्पल का कहना है कि उसने अपने नए फ़ोन को 5जी के 3.5 गीगाबाइट्स पर सेंकड की स्पीड के साथ टेस्ट किया है, इसका अर्थ है कि लगभग 20 गीगाबाइट वाली कोई फ़िल्म सिर्फ़ 45 सेकंड में डाउनलोड हो जाएगी. फ़्यूचरसोर्स कंस्लटेंसी के स्टीफ़न मियर्स के अनुसार “बैट्री बचाने के लिए आईफ़ोन12 की 4जी और 5जी के बीच स्विच करने की क्षमता इस बात को उजागर करती है कि ग्राहकों के लिए हमेशा 5जी का उपलब्ध होना ज़रूरी नहीं है.”

लेकिन कंपनी का कहना है कि ग्राहकों का अनुभव नेटवर्क और क्षेत्र के हिसाब से अलग-अलग होगा और 5जी की सेवा हमेशा चालू नहीं रहेगी. 5जी नेटवर्क शुरू करने वाला ब्रिटेन दूसरा यूरोपीय देश था. इससे ब्रिटेन को फ़ायदा हुआ लेकिन इसकी कवरेज बहुत ही छिटपुट रही है. अमरीका एप्पल का सबसे बड़ा बाज़ार है. वहां 5जी की स्पीड बहुत कम है. एक स्टडी के अनुसार कनाडा का 4जी नेटवर्क अमरीका के 5जी से ज़्यादा तेज़ है और कुछ देशों में तो 5जी तकनीक आम जनता के लिए अभी उपलब्ध भी नहीं है.

चीन एप्पल का दूसरा सबसे बड़ा बाज़ार है. चीन की सरकार ने अपने यहां 5जी तकनीक को ख़ूब बढ़ावा दिया है और हाल ही में सरकार ने ऐलान किया है कि बीजिंग और शेनज़ेन में 5जी नेटवर्क का काम पूरा हो गया है.

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